रिपोर्ट: रुद्र किंकर, मार्गदर्शक न्यूज, मुंगेर, 12 फरवरी 2026। मुंगेर विश्वविद्यालय के सिंडिकेट हॉल में गुरुवार को कुलपति प्रो. (डॉ.) संजय कुमार की अध्यक्षता में सिंडिकेट की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रशासनिक, शैक्षणिक और वित्तीय मामलों से जुड़े 25 एजेंडों पर विस्तृत मंथन हुआ। इनमें से 24 प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित कर दिए गए, जबकि एक एजेंडा पर सहमति नहीं बन सकी।
कुलसचिव डॉ. घनश्याम राय ने बताया कि 11 फरवरी को हुई वित्त समिति की बैठक में लिए गए निर्णयों को सिंडिकेट ने अनुमोदित कर दिया है। इसके तहत महाविद्यालयों में चल रहे विकास कार्यों की निगरानी के लिए कॉलेज मॉनिटरिंग सेल का गठन किया जाएगा। साथ ही 30 जनवरी को आयोजित अप्रूवल सीनियरिटी एवं पे-फिक्सेशन समिति तथा 6 फरवरी की एकेडमिक काउंसिल की बैठक में लिए गए निर्णयों को भी हरी झंडी दे दी गई।
बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए लगभग 10.97 अरब रुपये के बजट को स्वीकृति प्रदान की गई। इसके अलावा शिक्षण कार्य की निरंतरता बनाए रखने के उद्देश्य से 88 अतिथि शिक्षकों के सेवा विस्तार को मंजूरी दी गई। शैक्षणिक सुधार की दिशा में यूजी सेमेस्टर-4 में चार क्रेडिट इंटर्नशिप संबंधी नियम को भी स्वीकृत किया गया।
शोधार्थियों से जुड़े एजेंडा संख्या-19 पर निर्णय लेते हुए राजभवन के निर्देशानुसार यूजीसी रेगुलेशन-2016 लागू करने पर सहमति बनी। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि इन फैसलों से शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार, प्रशासनिक व्यवस्था में मजबूती और संस्थागत विकास को नई गति मिलेगी।
बैठक में कुलाधिपति नामित सदस्य डॉ. सहजानंद प्रसाद सिंह, डीएसडब्ल्यू प्रो. (डॉ.) महेश्वर मिश्रा, प्रॉक्टर डॉ. जयंंत कुमार, राज्य सरकार के नामित सदस्य ज्ञानचंद पटेल, भरत सिंह जोशी, देवानंद साहू, रामानंद मंडल और श्रीमती पूनम देवी उपस्थित रहीं। इसके अतिरिक्त विभिन्न महाविद्यालयों और स्नातकोत्तर विभागों के अध्यक्षों ने भी बैठक में सक्रिय भागीदारी निभाई।
गहन विचार-विमर्श के बाद सिंडिकेट की बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हुई। विश्वविद्यालय प्रशासन ने उम्मीद जताई है कि लिए गए निर्णयों से विश्वविद्यालय की शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली और सुदृढ़ होगी।
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